सचिन कुमार नाम का एक युवक पिछले छह महीने से एक विदेशी कंपनी में बतौर ट्रेनी काम कर रहा था । इन्होंने पिछले साल आईआईटी से ग्रैजुएशन किया था। सचिन किसी स्टार्ट उप कम्पनी में काम करना चाहता था । जिसे मोदी सरकार ने बड़े बड़ चड़ कर लागू किया था ।उन्हें एक स्टार्ट-अप कंपनी में जॉब भी मिली थी, लेकिन कुछ ही महीने में उनसे नौकरी का यह ऑफर वापस ले लिया गया। सचिन ने कहा कि उनके पास अब कोई जॉब नही हैं।

सचिन ने कई कम्पनी में जॉब के लिए अप्लाई किया । लेकिन हर जगह अब नई भर्ती ना होना  बोलकर माना कर दिया। अब सचिन बेरोज़गार है । और दूसरी जॉब तलाशने में काफ़ी संघर्ष करना पड़ रहा हैं।



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